उन्नाव: 65 लाख के नाले का ध्वस्त होना, भ्रष्टाचार की पोल खुली
उन्नाव भ्रस्टाचार की जड़े बरगद की जड़ो से भी मजबूत
उन्नाव के बांगरमऊ नगरपालिका क्षेत्र में मोहल्ला सिद्धार्थनगर से लखनऊ चौराहे तक बन रहे 65 लाख रुपये की लागत के नाले का निर्माण कार्य घटिया सामग्री के कारण ध्वस्त हो गया। शटरिंग खुलते ही पूरा नाला भरभराकर गिर गया, जिससे स्थानीय दुकानदारों और लोगों में भारी आक्रोश फैल गया।
घटिया निर्माण की पोल खुली
नाले में केवल बालू और डस्ट का उपयोग किया गया, जिसमें कोई मजबूत संरचना नहीं दिखाई दी।दुकानदारों का कहना है कि 65 लाख की जगह 65 हजार रुपये भी लग जाते तो बेहतर होता। ठेकेदार ने बयान दिया कि उन्हें किसी की चिंता या भय नहीं, शिकायत करने वालों को जहाँ चाहें करें।
शिकायतों पर कार्रवाई नदारद
दुकानदारों ने बांगरमऊ ईओ से लेकर जिलाधिकारी तक शिकायतें कीं, लेकिन रसूखदार ठेकेदार पर कोई कार्रवाई नहीं हुई।स्थानीय लोगों ने नगरपालिका की मिलीभगत का आरोप लगाते हुए भ्रष्टाचार की जड़ों को बरगद की जड़ों से भी मजबूत बताया। मामले की जांच जारी है।
निष्कर्ष
उन्नाव बांगरमऊ नगरपालिका के 65 लाख के नाले निर्माण में घटिया कार्य ने भ्रष्टाचार की गहरी जड़ों को उजागर कर दिया है। दुकानदारों की शिकायतों पर कार्रवाई न होना प्रशासनिक लापरवाही दर्शाता है।
