नारायण गिरी महाराज: योगी पीएम दावेदार, साधुओं में साजिश का आरोप
कानपुर: नारायण गिरी महाराज का बयान – योगी पीएम बनने के मजबूत दावेदार, साधुओं में साजिश का आरोप
कानपुर, 28 जनवरी 2026। जूना अखाड़ा के अंतरराष्ट्रीय प्रवक्ता नारायण गिरी जी महाराज ने आज आनंदेश्वर धाम मंदिर में पहुंचकर कई महत्वपूर्ण बयान दिए। उन्होंने योगी आदित्यनाथ को प्रधानमंत्री पद का प्रबल दावेदार बताते हुए अंतरराष्ट्रीय साजिशों का जिक्र किया।
योगी के खिलाफ साधुओं को भिड़ाने की साजिश
नारायण गिरी महाराज ने कहा कि अंतरराष्ट्रीय ताकतें साधु-संतों को योगी जी से लड़वाना चाहती हैं। उन्होंने इसे नेशनल और इंटरनेशनल षड्यंत्र करार दिया, जिसका मकसद योगी की छवि खराब करना है। सपा मानसिकता वाले अधिकारी संतों को लड़ाने का काम कर रहे हैं।
अविमुक्तेश्वरानंद विवाद पर टिप्पणी
महाराज ने शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती से विवाद करने वाले अफसरों को सपा माइंडेड बताया। उन्होंने कहा कि शंकराचार्य के बटुकों ने पुलिस से अभद्रता की, इसलिए पुलिस ने सख्ती बरती। अविमुक्तेश्वरानंद जी को अपने बटुकों को समझाना चाहिए।
योगी को पीएम बनाने की जनता की मांग
नारायण गिरी जी ने स्पष्ट कहा कि प्रधानमंत्री के रूप में योगी जी की मांग जनता की है और उनकी दावेदारी मजबूत है। लोकप्रियता पाने के लिए पीएम मोदी जी ने इस्तीफा दिया, जो उनका व्यक्तिगत निर्णय है।
यूजीसी बिल पर कड़ा रुख
महाराज ने यूजीसी बिल को लेकर कहा कि इसमें संशोधन नहीं, पूरा बिल वापस होना चाहिए। यह बयान देशभर में चल रहे विरोध प्रदर्शनों के बीच आया है।
निष्कर्ष
नारायण गिरी महाराज के बयानों ने कानपुर से योगी आदित्यनाथ की पीएम दावेदारी को मजबूत किया। साधु-संतों के बीच साजिश, अविमुक्तेश्वरानंद विवाद और यूजीसी बिल जैसे मुद्दों पर उनके विचार चर्चा का केंद्र बने। यह बयान राजनीतिक-धार्मिक बहस को नई दिशा दे सकता है।
रिपोर्टर: रामजी शर्मा
लोकेशन: कानपुर
