राष्ट्रीय एकता और संस्कृति का दर्पण, दैनिक जीवन में हिंदी अपनाने का संकल्प। 🌐📖
विश्व हिंदी दिवस पर सीएम योगी ने दी बधाई और शुभकामनाएं

🔥 विश्व हिंदी दिवस: सीएम योगी की हार्दिक बधाई, हिंदी को बताया एकता का प्रतीक 🔥
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने विश्व हिंदी दिवस के अवसर पर सभी हिंदी प्रेमियों और प्रदेशवासियों को हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं दीं। उन्होंने हिंदी को राष्ट्रीय एकता, समृद्ध संस्कृति एवं गौरवशाली परंपरा का दर्पण करार दिया।
हिंदी का वैश्विक सम्मान
मुख्यमंत्री ने कहा कि संपूर्ण विश्व में भारत का प्रतिनिधित्व करने वाली हिंदी भाषा की सरलता, सहजता और अभिव्यक्ति के सामर्थ्य ने इसे वैश्विक समुदाय में विशेष सम्मान दिलाया है। 10 जनवरी 1975 को संयुक्त राष्ट्र में हिंदी के प्रथम प्रयोग की स्मृति में मनाया जाने वाला यह दिवस हिंदी के उत्थान का प्रतीक है। उन्होंने सभी से हिंदी को दैनिक जीवन, संवाद और कार्य संस्कृति में अधिक स्थान देने का संकल्प लेने का आह्वान किया।
अन्य नेताओं की प्रतिक्रियाएं
उत्तराखंड के सीएम पुष्कर सिंह धामी ने हिंदी को भावनाओं और संस्कारों की अभिव्यक्ति बताया। केंद्रीय मंत्री नीतीन गड़करी और गिरिराज सिंह ने इसे एकता की डोर और सांस्कृतिक पहचान का माध्यम माना। दिल्ली मंत्री प्रवेश साहिब सिंह ने हिंदी को भारत की आत्मा की आवाज कहा।
कार्यक्रमों का आयोजन
देशभर में कवि सम्मेलन, सेमिनार, निबंध प्रतियोगिताएं और सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित हो रहे हैं। इस वर्ष की थीम ‘हिंदी: पारंपरिक ज्ञान से आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस तक’ हिंदी के आधुनिक प्रासंगिकता को रेखांकित करती है। यह दिवस हिंदी के संवर्धन के लिए नई प्रेरणा दे रहा है। 🌐📖

निष्कर्ष
विश्व हिंदी दिवस पर सीएम योगी आदित्यनाथ ने हिंदी को राष्ट्रीय एकता और सांस्कृतिक गौरव का प्रतीक बताते हुए उसके उत्थान का संकल्प दिलाया। सभी हिंदी प्रेमियों को दैनिक जीवन में भाषा को अपनाने का आह्वान किया गया। यह दिवस हिंदी के वैश्विक सम्मान और आधुनिक प्रासंगिकता को मजबूत करता रहेगा। 🌐📖
